न्युटन बने नैशनल आईकॉन फॉर वोटर अवेयरनेस


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अब तक तीस से ज़्यादा फिल्मों में अभिनय कर चुके राजकुमार राव एक अलग ही अभिनेता हैं। राजकुमार अपनी अदाकारी का लोहा मनवाते हुए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार जीत चुके हैं और इसके साथ ही उन्होने चार फिल्म फेयर अवार्ड भी अपने नाम किए हैं। राव का नाम फोर्ब्स इंडिया सौ सेलिब्रिटी की लिस्ट में भी आ चुका है। फ़िलहाल राजकुमार राष्ट्रीय चुनाव आयोग द्वारा नैशनल आईकॉन फॉर वोटर अवेयरनेस भी नियुक्त हुए हैं।

इलैक्शन कमिश्न का यह फ़ैंसला सही भी है क्योंकि राव ने अपनी फ़िल्म ` न्यूटन ‘ में मतदान को  लेकर जो उत्साह और असाधारण साहस दिखाया है वह वाकई जागरुकता लाने वाला है। अब देखना यह है कि राजकुमार उस रील के किरदार को रियल में किस हद तक उतार पाते हैं और मतदान को लेकर जनता में कितना उत्साह भर पाते हैं।  राजकुमार अपने अभिनय की छाप अपने हर किरदार में छोड़ जाते हैं, चाहे फिर वह उनकी फ़िल्म ` स्त्री ‘ हो या ` काइ पो छे ‘ राव की फिल्मों को अगर आप ध्यान से देखें तो उन्होंने सभी तरह के रोल किए हैं जिसमें उन्होने संजीदा अधिकारी से लेकर टपोरी के रोल भी सरलता से निभा कर अपने आप को साबित किया है।

2014 में राजकुमार राव ने अपने नाम से यादव हटाकर राव लगा लिया इस पर वो कहते हैं कि मैं यादव या राव दोनों ही इस्तेमाल करना चाहता हूँ। इसी के साथ उन्होंने अपने नाम में एक अतिरिक्त एम भी जोड़ा है, जिसके के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि यह एम मैंने अपनी माँ के लिए जोड़ा है। गुरुग्राम में 31 अगस्त 1984 को पैदा हुए राजकुमार राव ने गुरुग्राम से स्कूल और दिल्ली के कालेज आत्मा राम सनातन धर्म से अपनी पढ़ाई पूरी की है।

पारिवारिक जीवन की बात करें तो राजकुमार विवाहित हैं, उनकी पत्नी का नाम पत्रलेखा है। राव की नैटवर्थ यानि कुल सम्पत्ति 90 करोड़ से अधिक है। वह एक फ़िल्म का 6 करोड़ के आसपास लेते हैं।

वैसे क्या आप जानते हैं कि राव से पहले और कौन - कौन सी हस्तियां नेशनल आईकॉन फॉर वोटर अवेयरनेस रह चुकी हैं। इस सूचि में कई बेहतरीन नाम शुमार हैं जैसे आमिर ख़ान, महेन्द्र सिंह धोनी, सायना नेहवाल और भारत के अब तक के सबसे चहेते राष्ट्रपति ए. पी. जे अब्दुल कलाम।

ख़ैर अब जब 19 अप्रैल 2024 से 1 जून 2024 तक चुनाव का माहौल रहेगा तो देखते हैं नेशनल आईकॉन फॉर वोटर अवेयरनेस राजकुमार राव का जादू कितना चलता है। उम्मीद है आप भी इस चुनाव में बढ़ चढ़ कर हिस्सा लेंगे और अपने वोट से अच्छी और मजबूत सरकार को चुनेंगे।

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